About Paridhi

मैं ख़ुद को ज़्यादा तो नहीं जानती, बस इतना जानती हूँ की मैं simple सी सुलझी हुई लड़की हूँ, जिसकी लाइफ एक खुली 
किताब है जिसे चाहके भी कोई पढ़ नहीं पाया अब तक...
मेरे कुछ छोटे और कुछ बहुत बड़े से सपने है,कुछ simple से फंडे है....और अपनी एक सोच है जिसे मैं किसी के लिए नहीं बदलती क्योंकि मैं उससे खुश हु....इस दुनिया की सोच और rules n regulations से मैं बहुत दूर रहना चाहती हूँ हमेशा...
रात रात भर जागती हूँ, बहुत सोचती हूँ. कभी कभी कई लोगो की भीड़ में भी अकेली रहती हु तो कभी किसी एक के साथ भी दुनिया जी लेती हूँ,
बच्चो और बूढों से बहुत प्यार करती हूँ
हमेशा बच्ची बनी रहना चाहती हूँ,कभी बड़ा नहीं होना मुझे... प्यार बहुत important पार्ट हे मेरी लाइफ में
ख़ुद में भी बहुत प्यार समेटे हुए हूँ, और ऐसी दुनिया बनाना चाहती हूँ जहाँ बस प्यार ही प्यार हो...
ख़ुद पर विश्वास है की ज़रूर वो सब पा लुंगी जो सपनों में देखती हूँ,
एक तमन्ना है की ऐसा कुछ नाम करू की लोग मुझे मेरे मरने के बाद भी याद रखे...
अपने अन्दर छुपे कलाकार को बहुत सालों बाद जगाया है तो अब उसके माध्यम से इस एक छोटी सी ज़िंदगी में कई ज़िंदगियाँ जीनी है मुझे, गाते हुए झूमना है, हवाओ को मुट्ठी में भरना है, बादलो के बीच दौड़ना है....और भी बहुत कुछ...
दुनिया को camera में कैद करना है, हर हिस्से को पन्नो पर उतरना है शब्दों में भी और चित्रों में भी....
बहुत पढना है, बहुत कुछ लिखना है, गाना है, नाचना है, अपनी धुनों को सजाना है
एक सपनों की दुनिया हे मेरी उसको सच बनाना है....वो बहुत खुबसूरत है.....

2 comments: